Parliament Winter Session : केंद्र के टकराव का मुद्दा उठाने पर रिजिजू ने कांग्रेस को घेरा

30

नई दिल्ली। Parliament Winter Session संसद के शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन भाजपा ने कांग्रेस पार्टी पर जमकर हमला बोला है। केंद्रीय कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि हम कांग्रेस पार्टी की तरह नहीं हैं जो कुछ भी कानून बनाकर संस्थानों पर कब्जा कर ले। भाजपा देश की सभी संस्थाओं का सम्मान करती है। बता दें कि न्यायपालिका के साथ केंद्र के टकराव पर कांग्रेस ने स्थगन प्रस्ताव का नोटिस दिया है।

Congress CM in Himachal : हिमाचल में मुख्यमंत्री को लेकर माथापच्ची शुरू

Parliament Winter Session update 

चीन को लेकर भी कांग्रेस को घेरा

राज्यसभा में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने चीनी सामानों के आयात को लेकर कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने ‘मेक-इन-इंडिया’ पर ध्यान केंद्रित किया है। गोयल ने कहा कि अभी तक हम बहुत सारी पूंजी और इलेक्ट्रॉनिक सामानों के लिए चीनी सामानों पर निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि यह सोचने की बात है कि हम एक ऐसे देश पर कैसे निर्भर हो गए, जो हमे नुकसान पहुंचाता रहा है।

कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि हमने राज्यसभा में चीन के साथ एलएसी पर विवाद को लेकर स्थगन नोटिस दिया है। उन्होंने कहा कि इस नोटिस को अभी सभापति ने स्वीकार नहीं किया। रमेश ने कहा कि केंद्र सरकार 22 महीने से भारत-चीन मुद्दे पर चर्चा को टाल रही है। हमने यह भी सलाह दी कि अगर रक्षा मंत्री बहस नहीं चाहते हैं तो उन्हें विपक्षी नेताओं को LAC को लेकर ब्रीफ करना चाहिए।

मनीष तिवारी बोले- कार्यपालिका और न्यायपालिका में अच्छे संबंध जरूरी

कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने आज केंद्र और न्यायपालिका के बीच टकराव पर लोकसभा में स्थगन प्रस्ताव नोटिस दिया है। उन्होंने कहा कि कार्यपालिका और न्यायपालिका में शांतिपूर्ण संबंध होने चाहिए। न्यायपालिका पर केंद्र और उपराष्ट्रपति की टिप्पणी दुर्भाग्यपूर्ण है और अच्छे संकेत नहीं देती है। इसलिए मैं यह प्रस्ताव लाया हूं।

UCC को लेकर राज्यसभा में नोटिस, विपक्ष ने किया विरोध

इधर, सत्र शुरू होने से पहले भाजपा सांसद हरनाथ सिंह यादव ने देश में समान नागरिक संहिता (UCC) के कार्यान्वयन पर चर्चा के लिए राज्यसभा में शून्यकाल नोटिस दिया था। जिसपर चर्चा के दौरान विपक्षी नेताओं ने इसका विरोध किया। बता दें कि समान नागरिक संहिता भारत में नागरिकों के व्यक्तिगत कानूनों को बनाने और लागू करने का एक प्रस्ताव है जो सभी नागरिकों पर उनके धर्म, लिंग को परे रख समान रूप से लागू होता है।

Dehli Shraddha Murder Case : देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात करने पहुंचे श्रद्धा के पिता

Leave a Reply