नई दिल्ली। US Iran conflict : पश्चिम एशिया में अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहा युद्ध मंगलवार को 11वें दिन और भी भीषण हो गया। अमेरिका और इजरायल ने ईरान के भीतर नए सिरे से बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए, जबकि ईरान ने भी इजरायल और खाड़ी देशों की ओर मिसाइल और ड्रोन दागकर पलटवार किया।
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रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने अमेरिका को चेतावनी दी है कि यदि अमेरिकी हमले जारी रहे तो क्षेत्र से एक बूंद तेल भी बाहर नहीं जाने दिया जाएगा। आइआरजीसी ने ट्रंप के दावों को खारिज करते हुए कहा कि युद्ध कब खत्म होगा, यह तेहरान तय करेगा।
ट्रंप की चेतानवी
ट्रंप ने चेताया कि होर्मुज के रास्ते गुजरनेवाले तेल टैंकरों की आवाजाही बाधित हुई तो अमेरिका 20 गुना ताकत से ईरान पर हमले करेगा।
अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ (US Iran conflict) ने कहा कि ईरान युद्ध हार रहा है। अगले कुछ घंटों में अब तक के सबसे भयानक हमले होंगे। उन्होंने रूस को भी पश्चिम एशिया में हस्तक्षेप करने से परहेज करने की चेतावनी दी।
ईरानी सुरक्षा अधिकारी अली लारिजानी ने ट्रंप को चेताया कि सतर्क रहें, हमें खत्म करने के चक्कर में कहीं आप ही न खत्म हो जाएं। हम अमेरिका की खोखली धमकियों से डरनेवाले नहीं हैं।
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि ईरान अमेरिका से बातचीत नहीं करेगा क्योंकि पूर्व में हुई ऐसी पहलों के नतीजे बेहद कड़वे रहे हैं। अमेरिका ने पहले भी दो बार बातचीत बीच में तोड़कर हमले किए हैं।
रॉयटर के अनुसार, इजरायल के यरूशलम और तेल अवीव में मंगलवार को सायरन बजने के बाद कई धमाके सुनाई दिए, जब इजरायली वायु रक्षा प्रणाली ने ईरानी मिसाइलों को रोकने की कोशिश की। वहीं खाड़ी क्षेत्र में भी ईरान के हमलों से तनाव और बढ़ गया।
बहरीन की राजधानी मनामा में एक आवासीय इमारत पर हुए ईरानी हमले में 29 वर्षीय महिला की मौत हो गई और आठ लोग घायल हो गए। सऊदी अरब ने अपने तेल समृद्ध पूर्वी क्षेत्र के ऊपर दो ईरानी ड्रोन मार गिराने का दावा किया, जबकि कुवैत की नेशनल गार्ड ने छह ड्रोन को नष्ट करने की जानकारी दी।
यूएई के रुवैस औद्योगिक क्षेत्र में ईरानी ड्रोन हमले के बाद एक तेल डिपो में आग लग गई। इसके बाद यहां की दो रिफाइनरियों को बंद कर दिया गया।
ईरान (US Iran conflict) पर अब तक 5000 से ज्यादा हमले न्यूयार्क टाइम्स के अनुसार, अमेरिकी सेना के ज्वाइंट चीफ्स आफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डैन केन ने बताया कि युद्ध के पहले दस दिनों में अमेरिकी सेना ने ईरान के 5000 से अधिक सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं। इन हमलों में ईरान की बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन क्षमता को निशाना बनाया गया है। उन्होंने कहा कि ईरान के मिसाइल हमलों में 90 प्रतिशत तक की कमी आई है। वहीं ड्रोन हमले भी 83 प्रतिशत तक घट गए हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी नौसेना ने अब तक ईरान के 50 से ज्यादा नौसैनिक जहाजों और नौकाओं को नष्ट किया है और होर्मुज जलडमरूमध्य में बारूदी सुरंग बिछाने वाले जहाजों को भी निशाना बनाया जा रहा है। हमले में अब तक 150 अमेरिकी सैनिक घायल हुए हैं, जिसमें से 108 ड्यूटी पर लौट आए हैं। वहीं, सात अमेरिकी सैनिक मारे गए हैं।
जयशंकर ने ईरानी विदेश मंत्री अराघची से की बातचीत
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने मंगलवार को ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से फोन पर बातचीत की। अमेरिका और इजरायल के ईरान पर संयुक्त हमलों के बाद दोनों नेताओं के बीच यह तीसरी बातचीत है। जयशंकर ने क्षेत्र में ताजा घटनाक्रम और जारी संघर्ष पर विस्तार से चर्चा की तथा संपर्क बनाए रखने पर सहमति जताई। उन्होंने ईरान और पूरे क्षेत्र की स्थिति पर भारत की गहरी ¨चता भी व्यक्त की।
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